संदेश

मेघालय पर्यटन लेबल वाली पोस्ट दिखाई जा रही हैं

शिलांग के पर्यटन स्थल - मेघालय के पर्यटन स्थल

चित्र
मेघालय भारत का एक छोटा और खुबसूरत पर्वतीय राज्य है। इस खुबसूरत राज्य की खुबसूरत राजधानी शिलांग है। उत्तर पूर्वी भारत के हिल स्टेशनो में शिलांग का अपना अलग ही स्थान है। शिलांग के पर्यटन स्थल अपने प्राकृतिक वातावरण, सुंदर दृश्य, पर्वत श्रृंखलाएं, शीतल झरने हरी भरी घाटियां, मनोहारी मैदान व परम्परागत संस्कृति सैलानियो को बहुत लुभाती है। और लुभाये भी क्यो नही? क्यो कि शिलांग एक ऐसे सुंदर राज्य की राजधानी है जिसके नाम में सुंदरता वास करती है। जी हां दोस्तो! मेघालय- मेघो का आलय जिसका शाब्दिक अर्थ होता है ” बादलो का घर ” ।  जितनी सुंदरता की झलक इस राज्य के नाम दिखाई देती है उससे कही ज्यादा सुंदरता इस राज्य में है।   शिलांग के सुंदर दृश्य मेघालय का इतिहास प्रिय पाठको शिलांग यात्रा पर जाने से पहले कुछ बाते मेघालय का इतिहास और के बारे में भी जान लेते है। मेघालय पहाड, वन तथा तृण भूमि का मिलाजुला रूप है। खासी, जयंतिया एंव गारो पहाडो को मिलाकर बने मेघालय की जलवायु स्वास्थ के लिए वरदान है। सन् 1765 के आसपास असम के इस क्षेत्र पर अंग्रेजो का अधिकार हुआ था। अपने शासन काल के दौरान अंग्रेजो को यह...

मेघालय का इतिहास, खाना, पहनावा, त्यौहार, सांस्कृति, और 10 प्रमुख डिश

चित्र
भारत देश के उत्तर पूर्वी भाग में एक पहाडी पटटी है। यह पहाडी पट्टी पूर्व से पश्चिम तक लगभग 300 किलोमीटर लंबी और लगभग 100 किलोमीटर चौडी है। इस पहाडी पटटी का कुल क्षेत्रफल 22429 वर्ग किलोमीटर है। यह पहाडी पट्टी खुबसूरत प्राकृति संपदा, मनमोहित झरनो, कलकल करती नदियो, खनिज, गांवो और शहरो से सजी है। इस पहाडी पटटी के पूरे क्षेत्रफल को मिलाकर उत्तर पूर्वी भारत का एक खुबसूरत राज्य  (मेघालय) बनता है। अपनेे इस लेख में हम भारत के इसी खूबसूरत राज्य मेघालय की सैर करेगें। और इस राज्य की इन प्रमुख जानकारियो के बारे में जानेंगें— मेघालय का इतिहास, मेघालय के पर्यटन स्थल, मेघालय का खाना, मेघालय का पहनावा, मेघालय की संस्कृति, मेघालय की जन जातियां, मेघालय के त्यौहार, मेघालय की 10 प्रमुख डिश आदि के बारे में विस्तार से जानेंगें। मेघालय का अर्थ जितना खूबसुरत यह राज्य है, उतना ही खूबसूरत इस राज्य का नाम है। मेघालय संस्कृत भाषा के दो शब्दो को मिलाकर बना है।  मेघ+आलय=मेघालय  । संस्कृत भाषा के इन दोनो शब्दो का अर्थ निकाला जाये तो “मेघ” का अर्थ होता है “बादल”। और “आलय” का अर्थ होता है “निवास” यानि “घ...